भारत के युवा तेज गेंदबाज मयंक यादव ने जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में शानदार वापसी करते हुए इतिहास रच दिया। करीब 647 दिनों बाद भारतीय टीम में लौटे मयंक ने मैच की पहली ही गेंद पर विकेट चटकाकर सभी को हैरान कर दिया। उन्होंने जिम्बाब्वे के सलामी बल्लेबाज ब्रायन बेनेट को आउट कर भारत को शानदार शुरुआत दिलाई।
तेज रफ्तार गेंदबाजी के लिए मशहूर मयंक लंबे समय से चोटों से जूझ रहे थे। चोट के कारण वह आईपीएल 2026 में भी सिर्फ चार मुकाबले खेल सके थे और एक भी विकेट नहीं ले पाए थे। हालांकि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी करते ही उन्होंने अपनी धारदार गेंदबाजी से शानदार अंदाज में वापसी का ऐलान कर दिया।
मयंक यादव ने अश्विन को छोड़ा पीछे
पहली गेंद पर विकेट लेने के साथ ही मयंक यादव ने एक बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। वह अब उन भारतीय गेंदबाजों की सूची में शामिल हो गए हैं जिन्होंने टी20 इंटरनेशनल की पारी की पहली गेंद पर विकेट हासिल किया है। खास बात यह है कि मयंक ने यह कारनामा दूसरी बार किया है। इससे पहले उन्होंने 2024 में बांग्लादेश के खिलाफ भी पारी की पहली गेंद पर विकेट लिया था।
इसी उपलब्धि के साथ मयंक ने रविचंद्रन अश्विन को पीछे छोड़ दिया, जिन्होंने अपने टी20 इंटरनेशनल करियर में यह कारनामा सिर्फ एक बार किया था। अब मयंक इस सूची में अर्शदीप सिंह और हार्दिक पांड्या के बराबर पहुंच गए हैं।
भारत के लिए टी20I पारी की पहली गेंद पर सबसे ज्यादा विकेट
भुवनेश्वर कुमार – 3 बार
हार्दिक पांड्या – 2 बार
अर्शदीप सिंह – 2 बार
मयंक यादव – 2 बार
रविचंद्रन अश्विन – 1 बार
पहली गेंद पर विकेट लेने वाले तीसरे भारतीय गेंदबाज बने
मयंक यादव टी20 इंटरनेशनल में मैच की पहली गेंद पर विकेट लेने वाले भारत के तीसरे गेंदबाज बन गए हैं। उनसे पहले यह उपलब्धि अर्शदीप सिंह ने टी20 विश्व कप 2024 में अमेरिका के खिलाफ और हार्दिक पांड्या ने एशिया कप 2025 में पाकिस्तान के खिलाफ हासिल की थी। अब मयंक ने जिम्बाब्वे के खिलाफ यह खास रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
चोटों के बाद दमदार वापसी
मयंक यादव ने भारत के लिए अपना टी20 इंटरनेशनल डेब्यू 6 अक्टूबर 2024 को बांग्लादेश के खिलाफ किया था, जबकि उन्होंने अपना पिछला मुकाबला 12 अक्टूबर 2024 को खेला था। इसके बाद लगातार चोटों के कारण वह टीम से बाहर रहे। अब 647 दिनों बाद वापसी करते हुए उन्होंने पहली ही गेंद पर विकेट लेकर साबित कर दिया कि फिट रहने पर वह भारतीय तेज गेंदबाजी आक्रमण के सबसे खतरनाक हथियारों में से एक हैं।